क्या है सुकन्या समृद्धि योजना?

सुकन्या समृद्धि योजना (एसएसवाई) बेटियों के लिए केंद्र सरकार की एक छोटी बचत योजना है जिसे बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ स्कीम के तहत लांच किया गया है. छोटी बचत स्कीम में सुकन्या सबसे बेहतर ब्याज दर वाली योजना है.

साल 2016 -17 में एसएसवाई में 9.1 फीसदी की दर से ब्याज दिया जा रहा था जो इनकम टैक्स छूट के साथ है. इससे पहले इसमें 9.2 फीसदी तक ब्याज भी मिला है.

हुत कम रकम के साथ खुलने वाला सुकन्या समृद्धि योजना खाता दरअसल उन परिवारों को ध्यान में रखकर शुरू किया गया है जो छोटी-छोटी बचत के जरिये बच्चे की शादी या उच्च शिक्षा के लिए रकम जमा करना चाहते हैं.

सर्टिफाइड फाइनेंशियल प्लानर दीपाली सेन ने कहा, 'सुकन्या समृद्धि योजना उन लोगों के लिए बहुत अच्छी स्कीम है जिनकी आमदनी कम है और जो शेयर बाजार में पैसे लगाने में भरोसा नहीं करते. निश्चित आमदनी के साथ पूंजी की सुरक्षा इस स्कीम की खासियत है.'
क्या है सुकन्या समृद्धि योजना?


कैसे खुलवाएं सुकन्या समृद्धि योजना खाता

सुकन्या समृद्धि योजना के तहत एकाउंट किसी गर्ल चाइल्ड के जन्म लेने के बाद 10 साल से पहले की उम्र में कम से कम 250 रुपये के जमा के साथ खोला जा सकता है. चालू वित्त वर्ष में सुकन्या समृद्धि योजना के तहत अधिकतम 1.5 लाख रुपये जमा कराये जा सकते हैं.

कहां खुलेगा सुकन्या समृद्धि योजना खाता? 

सुकन्या समृद्धि योजना के तहत एकाउंट किसी पोस्ट ऑफिस या कमर्शियल ब्रांच की अधिकृत शाखा में खोला जा सकता है.


कब तक चलाना होगा सुकन्या समृद्धि योजना खाता?

सुकन्या समृद्धि योजना खाता खोलने के बाद यह गर्ल चाइल्ड के 21 साल के होने या 18 साल की उम्र के बाद उसकी शादी होने तक चलाया जा सकता है.



क्या है सुकन्या समृद्धि योजना का उपयोग?


सुकन्या समृद्धि योजना खाते से 18 साल की उम्र के बाद बच्चे की उच्च शिक्षा के लिए खर्च के मामले में 50 फीसदी तक रकम निकाली जा सकती है.

 सुकन्या समृद्धि योजना खाता खोलने के नियम 

सुकन्या समृद्धि योजना खाता बच्ची के माता-पिता या कानूनी अभिभावक द्वारा गर्ल चाइल्ड के नाम से उसके 10 साल की उम्र से पहले खोला जा सकता है. इस नियम के मुताबिक एक बच्ची के लिए एक ही खाता खोला जा सकता है और उसमें पैसा जमा किया जा सकता है. एक बच्ची के लिए दो खाता नहीं खोला जा सकता.

सुकन्या समृद्धि योजना के लिए जरूरी कागजात

सुकन्या समृद्धि योजना खाता खोलने के वक्त बच्ची का बर्थ सर्टिफिकेट पोस्ट ऑफिस या बैंक में देना जरूरी है. इसके साथ ही बच्ची और अभिभावक के पहचान और पते का प्रमाण भी देना जरूरी है.

सुकन्या समृद्धि योजना में कितनी रकम जरूरी?

सुकन्या समृद्धि योजना एकाउंट खोलने के लिए 250 रुपये काफी हैं, लेकिन बाद में 100 रुपये के गुणक में पैसे जमा कराये जा सकते हैं. किसी एक वित्त वर्ष में कम से कम 250 रुपये जरूर जमा कराया जाना चाहिए. किसी एक वित्त वर्ष में SSY खाते में एक बार या कई बार में 1.5 लाख रुपये से अधिक जमा नहीं कराया जा सकता.

सुकन्या समृद्धि योजना खाते में रकम खाता खोलने के दिन से 15 साल तक जमा कराया जा सकता है. 9 साल की किसी बच्ची के मामले में जब वह 24 साल की हो जाये तब तक रकम जमा कराई जा सकती है. बच्ची के 24 से 30 साल के होने तक जब सुकन्या समृद्धि योजना खाता मैच्योर हो जाये, उसमें जमा रकम पर ब्याज मिलता रहेगा.

सुकन्या समृद्धि योजना में रकम जमा नहीं हो पाई तब?

किसी अनियमित सुकन्या समृद्धि योजना अकाउंट में जहां कम से कम रकम जमा नहीं हुई है, उसे 50 रुपये सालाना की पेनाल्टी देकर नियमित कराया जा सकता है. इसके साथ ही हर साल के लिए कम से कम जमा कराई जाने वाली रकम भी सुकन्या समृद्धि योजना अकाउंट में डालनी पड़ेगी. अगर पेनल्टी नहीं चुकाई गयी तो सुकन्या समृद्धि योजना खाते में जमा रकम पर पोस्ट ऑफिस के सेविंग एकाउंट के बराबर ब्याज मिलेगा जो अभी करीब चार फीसदी है. अगर सुकन्या समृद्धि योजना खाते पर ब्याज ज्यादा चुका दिया गया है तो उसे रिवाइज किया जा सकता है.

सुकन्या समृद्धि योजना खाते में रकम जमा कैसे होगी? 

सुकन्या समृद्धि योजना खाते में रकम कैश, चेक, डिमांड ड्राफ्ट या किसी ऐसे इंस्ट्रूमेंट से भी जमा कराई जा सकती है जिसे बैंक स्वीकार करता हो. इसके लिए रकम जमा करने वाले का नाम और एकाउंट होल्डर का नाम लिखना जरूरी है. सुकन्या समृद्धि योजना खाते में रकम इलेक्ट्रॉनिक ट्रांसफर मोड से भी की जा सकती है, अगर उस पोस्ट ऑफिस या बैंक में कोर बैंकिंग सिस्टम मौजूद है. अगर सुकन्या समृद्धि योजना खाते में रकम चेक या ड्राफ्ट से चुकाई गयी तो रकम खाते में क्लियर होने के बाद से उस पर ब्याज दिया जायेगा, जबकि ई-ट्रांसफर के मामले में डिपॉजिट के दिन से यह गणना की जाएगी.

 सुकन्या समृद्धि योजना खाते पर ब्याज की गणना कैसे होती है?

Interest-Calculation
सरकार जी सेक यील्ड के हिसाब से हर तिमाही में एसएसवाई पर ब्याज दर तय करती है. सुकन्या समृद्धि योजना खाते पर ब्याज दर जी-सेक रेट की तुलनात्मक मैच्योरिटी की तुलना में 75 बेसिस पॉइंट तक अधिक होता है.
इस स्कीम में अब तक दिए गए ब्याज

  • अप्रैल 1, 2014: 9.1%
  • अप्रैल 1, 2015: 9.2%
  • अप्रैल 1, 2016 -जून 30, 2016: 8.6%
  • जुलाई 1, 2016 -सितम्बर 30, 2016: 8.6%
  • अक्टूबर 1, 2016-दिसम्बर 31, 2016: 8.5%
  • जुलाई 1, 2017-दिसंबर 31, 2017 8.3%
  • जनवरी 1, 2018 -मार्च 31, 2018 : 8.1%
  • अप्रैल 1, 2018 - जून 30, 2018 : 8.1%
  • जुलाई 1, 2018 -सितंबर 30, 2018 : 8.1%
  • अक्टूबर 1, 2018 - दिसंबर 31, 2018 : 8.5%
  • जनवरी 1, 2019 - मार्च 31, 2019 : 8.5%

  • मैच्योरिटी से पहले किन हालात में सुकन्या समृद्धि योजना खाता बंद किया जा सकता है?

  • अगर सुकन्या समृद्धि योजना खाता धारक की मृत्यु हो जाये तो डेथ सर्टिफिकेट दिखाकर खाता बंद कराया जा सकता है. इसके बाद सुकन्या समृद्धि योजना खाते में जमा रकम बच्ची के अभिभावक को ब्याज सहित वापस दी जा सकती है. दूसरे मामलों में एसएसवाई खाते को खोलने से पांच साल के बाद बंद किया जा सकता है. यह भी कई परिस्थितियों में किया जा सकता है, जैसे जीवन को खतरे वाली बीमारियों के मामले में. इसके बाद भी अगर किसी दूसरे कारण से खाता बंद किया जा रहा हो तो इसकी इजाजत दी जा सकती है, लेकिन उस पर ब्याज सेविंग एकाउंट के हिसाब से मिलेगा.

  •  सुकन्या समृद्धि योजना अकाउंट ट्रांसफर 

  • सुकन्या समृद्धि योजना अकाउंट देशभर में कहीं भी ट्रांसफर हो सकता है, अगर खाताधारक खाता खोलने की मूल जगह से कहीं और शिफ्ट हो गया हो. अकाउंट ट्रांसफर फ्री ऑफ कॉस्ट है, हालांकि इसके लिए एकाउंट होल्डर या उसके माता-पिता/अभिभावक के शिफ्ट होने का सबूत दिखाना पड़ेगा. अगर इस तरह का कोई सबूत नहीं दिखाया गया तो अकाउंट ट्रांसफर के लिए पोस्ट ऑफिस या बैंक को 100 रुपये फीस चुकाना पड़ेगा जहां खाता खोला गया है. जिस बैंक या पोस्ट ऑफिस में कोर बैंकिंग सिस्टम की सुविधा है, वहां सुकन्या समृद्धि योजना अकाउंट ट्रांसफर इलेक्टॉनिक तरीके से हो सकता है

  • सुकन्या समृद्धि योजना खाते से आंशिक रकम निकासी

  •  अकाउंट होल्डर की वित्तीय जरूरतें पूरी करने के लिए सुकन्या समृद्धि योजना खाते से आंशिक निकासी की जा सकती है, इनमें उच्च शिक्षा और शादी जैसे काम शामिल हैं. इसमें योजना में पिछले वित्त वर्ष के अंत तक जमा रकम का 50 फीसदी निकाला जा सकता है. सुकन्या समृद्धि योजना से यह निकासी तभी संभव है, जब एकाउंट होल्डर 18 साल की उम्र पार कर ले. अकाउंट से रकम निकालने के लिए एक लिखित आवेदन और किसी शैक्षणिक संस्थान में एडमिशन ऑफर या फीस स्लिप की जरूरत होती है. इन मामलों में हालांकि निकासी करने वाली रकम फी और दूसरे चार्ज के बराबर ही हो सकती है उससे अधिक नहीं.

  •  सुकन्या समृद्धि योजना एकाउंट मैच्योर कब होगा?

  •  खाता खोलने के दिन से 21 साल पूरा होने या गर्ल चाइल्ड की शादी होने के बाद एकाउंट मैच्योर हो जायेगा.

  • इसमें सुकन्या समृद्धि योजना हालांकि कुछ शर्तें भी हैं

  •  अगर खाताधारक की शादी खाता खोलने के 21 साल पूरे होने से पहले हो जाती है तो खाते में रकम जमा नहीं कराई जा सकती. 

  • अगर खाता 21 साल पूरा होने से पहले बंद कराया जा रहा है तो खाताधारक को यह एफिडेविट देना पड़ेगा कि खाता बंद करने के समय उसकी उम्र 18 साल से कम नहीं है. 
  • मैच्योरिटी के समय पासबुक और विथड्रावल स्लिप पेश करने पर खाताधारक को ब्याज सहित जमा रकम वापस हो जाएगी. 
  • सुकन्या समृद्धि योजना के तहत खाता सिर्फ भारतीय नागरिक का खोला जा सकता है, जो यहीं रह रहा हो और मैच्योरिटी के वक्त भी यहीं रह रहा हो. अप्रवासी भारतीय सुकन्या समृद्धि योजना में खाता नहीं खोल सकते.अगर खाता खोलने के बाद गर्ल चाइल्ड किसी और देश में चली जाती है और वहां की नागरिकता ले लेती है तो नागरिकता लेने के दिन से सुकन्या समृद्धि योजना खाते में जमा रकम पर ब्याज मिलना बंद हो जायेगा.
  •  स्रोत: यह सूचना वित्त मंत्रालय और रिजर्व बैंक की वेबसाइट से जुटाई गयी है. पाठकों को समझने के लिए इसे आसान भाषा में पेश किया गया है. डिस्क्लेमर: पूरी जानकारी के लिए आप स्कीम बनाने वाली अथॉरिटी से बात कर सकते हैं. सुकन्या समृद्धि योजना की जानकारी मौजूद नियमों के हिसाब से है, इसमें किसी बदलाव के लिए हमारी जिम्मेदारी नहीं है.

Post a Comment

Please comment on you like this post.

नया पेज पुराने